श्लोक, उसका सरल हिंदी अर्थ और दिन भर के लिए एक विचार। एक सुंदर कार्ड, जिसे आप परिवार में आगे भेज सकें।
हर महीने अपने-आप नवीनीकरण होता है। WhatsApp पर STOP लिखते ही बंद।

आपका नाम, कार्ड पर लिखने के लिए परिवार का नाम, और WhatsApp नंबर।
UPI AutoPay या कार्ड से। पहले 7 दिन कोई पैसा नहीं कटता।
अगली सुबह से रोज़ आपके WhatsApp पर, आपके परिवार के नाम के साथ।
हर कार्ड पर श्लोक का स्रोत, अध्याय और श्लोक संख्या लिखी होती है। सबसे नीचे आपका नाम।

ये वही कार्ड हैं जो भेजे जाएँगे, नमूने के लिए शर्मा परिवार के नाम से। हर श्लोक भेजने से पहले जाँचा जाता है।




कार्ड में बस उतना ही होता है जितना सुबह पढ़ा जा सके। एक श्लोक, उसका अर्थ, और एक बात जो दिन भर साथ रहे।
UPI AutoPay या कार्ड से। अभी ₹120 नहीं कटते। बैंक एक छोटी रकम लेकर लौटा सकता है।
भुगतान से एक दिन पहले WhatsApp पर याद दिलाएँगे। न चाहें तो STOP लिखें।
फिर हर महीने उसी तारीख़ को, अपने-आप। हर बार एक दिन पहले सूचना।
एक तोहफ़ा, जो हर सुबह
उनके फ़ोन पर आए
उनका नाम और नंबर भरिए। मंज़ूरी और भुगतान आपकी तरफ़ से, कार्ड उनके WhatsApp पर। भुगतान से पहले की सूचना आपको आएगी।
पहले 7 दिन कुछ नहीं कटेगा। आठवें दिन ₹120 कटेंगे, और फिर हर महीने उसी तारीख़ को। हर भुगतान से एक दिन पहले WhatsApp पर सूचना आएगी।
WhatsApp पर STOP लिखें। उसी समय कार्ड और आगे के सभी भुगतान बंद हो जाते हैं। किसी को फ़ोन करने की ज़रूरत नहीं।
हाँ। रोज़ सुबह WhatsApp पर एक तस्वीर आएगी, बस इतना ही। कोई ऐप डाउनलोड नहीं करना, कोई पासवर्ड नहीं।
ताकि मुफ़्त हफ़्ते के बाद सेवा बिना रुके चलती रहे। मंज़ूरी के समय बैंक एक छोटी रकम लेकर लौटा सकता है। ₹120 मुफ़्त हफ़्ते के बाद ही कटते हैं।
नीचे “माता-पिता को उपहार” में उनका नाम और नंबर भरें। मंज़ूरी आप देंगे, कार्ड उनके WhatsApp पर जाएगा। भुगतान से पहले की सूचना आपको आएगी।
गीता का एक श्लोक, उसका स्रोत (अध्याय और श्लोक संख्या), सरल हिंदी अर्थ, आज का एक विचार, और नीचे आपके परिवार का नाम।
WhatsApp पर MENU लिखें और 1 चुनें। अगले दिन से नया नाम दिखेगा।
assistant@laceai.in पर लिखें, या WhatsApp पर MENU लिखें।